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राज्य

कान्हा में 15–20 सितंबर को हाथियों का सात दिवसीय रिजुविनेशन कैंप

By b9599789@gmail.com
September 11, 2026

कान्हा टाइगर रिजर्व में सालभर जंगल और वन्यजीव सुरक्षा की ड्यूटी करने वाले विभागीय हाथियों के लिए सात दिवसीय ‘रिजुविनेशन कैंप’ 15–20 सितंबर तक सुपखार परिक्षेत्र में आयोजित किया जाएगा। इस अवधि में हाथियों को नियमित कार्य से मुक्त रखकर उनके शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।

कैंप का उद्देश्य और पृष्ठभूमि

कान्हा टाइगर रिजर्व प्रबंधन पिछले 16 वर्षों से लगातार इस तरह का पुनर्जीवन शिविर आयोजित कर रहा है, जिसका मुख्य मकसद ड्यूटी के दौरान थके हाथियों को आराम, बेहतर देखभाल और सामाजिक समय प्रदान करना है।

रिजर्व में वर्तमान में 16 विभागीय हाथी हैं—9 नर, 6 मादा और एक नवजात। ये हाथी वन्यजीव संरक्षण, गश्त, अनुश्रवण, ट्रांसलोकेशन और मानसूनकालीन विशेष गश्त जैसे महत्वपूर्ण कार्यों में वन विभाग की मदद करते हैं।

दैनिक गतिविधियां: आराम, मालिश और स्वास्थ्य जांच

कैंप के दौरान हाथियों की दिनचर्या सामान्य से हटकर होगी:

  • सुबह उन्हें जंगल से कैंप क्षेत्र में लाया जाएगा।
  • नहलाने के बाद शरीर और पैरों की मालिश की जाएगी, जिससे मांसपेशियों को राहत मिलेगी।
  • इसके बाद स्वास्थ्य परीक्षण व देखभाल संबंधी गतिविधियां होंगी।
  • दोपहर में महावतों और चाराकटरों के साथ परिचय सत्र व खेल-कूद की गतिविधियां कराई जाएंगी।
  • शाम को भोजन के बाद हाथियों को वापस जंगल में छोड़ दिया जाएगा।

विशेष आहार और चिकित्सीय निगरानी

कैंप में हाथियों को बेहतर गुणवत्ता वाला और पोषक आहार दिया जाएगा। वन्यजीव चिकित्सक नियमित आधार पर उनकी सेहत की जांच करेंगे। रक्त, मल और मूत्र के नमूने लेकर प्रयोगशाला में परीक्षण कराए जाएंगे। प्रत्येक हाथी का शारीरिक मापन निर्धारित प्रपत्र में दर्ज किया जाएगा, ताकि स्वास्थ्य में होने वाले बदलावों की नियमित निगरानी की जा सके।

मानसिक तरोताजगी और सामाजिक व्यवहार

इस कैंप का लक्ष्य केवल शारीरिक आराम नहीं, बल्कि मानसिक रूप से भी हाथियों को तरोताजा करना है। सभी हाथियों को एक साथ रहने, खाने और विभिन्न गतिविधियों में भाग लेने का मौका मिलेगा, जिससे उनके आपसी सामाजिक व्यवहार को भी बढ़ावा मिलेगा।

महावतों व चाराकटरों के लिए प्रशिक्षण

कैंप के दौरान हाथियों की देखभाल करने वाले महावत और चाराकटर भी प्रशिक्षण लेंगे। वरिष्ठ महावत उन्हें हाथियों के रखरखाव, व्यवहार को समझने और उचित देखभाल से जुड़े आवश्यक निर्देशों के बारे में मार्गदर्शन देंगे।

16 साल पुरानी परंपरा

कान्हा टाइगर रिजर्व प्रबंधन हाथियों के कल्याण को प्राथमिकता देते हुए 16 वर्षों से यह पुनर्जीवन कैंप आयोजित कर रहा है। जंगल की कठिन ड्यूटी के बीच सात दिनों का यह शिविर हाथियों के लिए आराम, उन्नत स्वास्थ्य देखभाल और अपने साथियों के साथ समय बिताने का एक खास अवसर होगा।

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